टनकपुर। सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विकास कार्यालय, हल्द्वानी द्वारा आज AKIT टनकपुर में प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत एक विशेष जागरूकता शिविर का सफल आयोजन किया गया। इस शिविर का मुख्य उद्देश्य क्षेत्र के पारंपरिक कारीगरों और शिल्पकारों को योजना की विस्तृत जानकारी प्रदान करना तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनने की दिशा में प्रेरित करना रहा।
कार्यक्रम में विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारियों एवं विशेषज्ञों की गरिमामयी उपस्थिति ने इसे और भी प्रभावशाली बना दिया। AKIT के निदेशक एच.एल. मंडोरिया ने अपने प्रेरणादायक संबोधन में उद्यमिता के मूल तत्वों पर प्रकाश डालते हुए विश्वकर्मा समुदाय को आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ने का आह्वान किया।

सहायक आयुक्त राज्य कर अखिलेश कुमार ने उपस्थित जनसमूह को जीएसटी की जटिलताओं को सरल भाषा में समझाया, जिससे कारीगरों को अपने व्यवसाय को व्यवस्थित करने में मदद मिलेगी। वहीं, जिला उद्योग केंद्र चंपावत की प्रबंधक सुमेधा पंत ने विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी देकर प्रतिभागियों को लाभ उठाने के लिए प्रोत्साहित किया।
डीपीएमयू चंपावत के योगेश मेलकानी ने पीएम विश्वकर्मा योजना के अंतर्गत चल रही ट्रेनिंग, लाभार्थियों की प्रगति तथा अब तक दिए गए लाभों का विस्तृत विवरण प्रस्तुत किया। उन्होंने प्रतिभागियों की समस्याओं को ध्यानपूर्वक सुनते हुए उनके समाधान भी सुझाए, जिससे कार्यक्रम संवादात्मक और उपयोगी बन गया।

आरबीआई के प्रतिनिधि विश्व दीपक ने कारीगरों को मार्केटिंग सपोर्ट और वित्तीय प्रबंधन की महत्वपूर्ण जानकारी प्रदान की, जिससे उनके उत्पादों को व्यापक बाजार तक पहुंचाने में सहायता मिलेगी।
सहायक निदेशक विनोद कुमार ने उद्यम पोर्टल पर पंजीकरण की प्रक्रिया को विस्तार से समझाते हुए प्रतिभागियों की शंकाओं का समाधान किया और उन्हें योजना से जुड़ने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर आईटीआई टनकपुर के कार्यदेशक गिरीश जोशी एवं अनुदेशक सुनील कुमार सहित अनेक गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति रही।

कार्यक्रम में लगभग 250 से अधिक विश्वकर्मा लाभार्थियों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली, जो इस योजना के प्रति बढ़ती जागरूकता और उत्साह का प्रतीक है।
यह जागरूकता शिविर न केवल कारीगरों के लिए ज्ञानवर्धक सिद्ध हुआ, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर भारत के सपने को साकार करने की दिशा में एक मजबूत मंच भी प्रदान करता है।


