in , , , ,

टनकपुर — कूड़ा डंपिंग जोन स्थानांतरण हेतु 76.34 लाख का प्रस्ताव, 0.58 हेक्टेयर भूमि चिन्हित; मुख्यमंत्री धामी और नगर पालिका अध्यक्ष की पहल से जनता को जल्द राहत

हरी जालीदार नेट से कवर होने पर क्षेत्र की सुंदरता बरकरार, दृश्य प्रदूषण पर मिलता है नियंत्रण

टनकपुर से बड़ी खबर— नगर की स्वच्छता व्यवस्था को नया रूप देने की दिशा में नगर पालिका परिषद टनकपुर ने बड़ा कदम उठाया है। बैराज रोड स्थित डंपिंग ज़ोन पर कूड़े के एकीकरण (सिंगल डंपिंग पॉइंट) का कार्य तेजी से जारी है। इसी प्रक्रिया के तहत लीगेसी वेस्ट यानी वर्षों से जमा पुराने कचरे के निस्तारण के लिए तैयार डीपीआर को शासन से मंज़ूरी मिल चुकी है। लगभग ₹76.34 लाख की लागत से प्रस्तावित इस कार्य को जल्द ही टेंडर प्रक्रिया के माध्यम से शुरू किया जाएगा।

नगर पालिका के पास अभी तक ठोस अपशिष्ट प्रबंधन हेतु अपनी भूमि उपलब्ध नहीं थी, जिसके चलते डंपिंग स्थान की समस्या बनी हुई थी। इसी के समाधान हेतु नगर पालिका ने मस्जिद की सीढ़ियों के नीचे बैराज रोड पर 0.58 हेक्टेयर भूमि को चिन्हित किया है। इस भूमि के वन विभाग से हस्तांतरण के लिए प्रस्ताव तैयार कर हल्द्वानी स्थित वन प्रभाग कार्यालय भेज दिया गया है।

 

इसी बीच पालिका ने यह स्पष्ट किया है कि जिस स्थान पर अभी कूड़े का एकीकरण किया जा रहा है, वहां जिला पंचायत चंपावत भी पूर्णागिरि मेले और अन्य ग्रामीण/पंचायती इलाकों से आने वाला कूड़ा डालती है। इसी वजह से इस स्थल पर कचरे की मात्रा लगातार बढ़ती जा रही है, जिससे आसपास के लोगों में असंतोष भी देखा जा रहा है।

 

वार्ड नम्बर 2 में मस्जिद के नीचे स्थित कूड़ा डंपिंग स्थल को लेकर सोशल मीडिया पर कई तरह के आरोप लगाए जा रहे थे। इस पर नगर पालिका अध्यक्ष विपिन कुमार ने बयान जारी करते हुए कहा कि यह डंपिंग स्थान कोई नया नहीं, बल्कि वर्षों पुराना है। कुछ लोग भ्रामक जानकारी फैलाकर नगर पालिका की छवि खराब करने की कोशिश कर रहे हैं।

अध्यक्ष विपिन कुमार ने बताया कि कूड़े के स्थानांतरण, उसके स्थायी निस्तारण और लिगेसी वेस्ट के निष्पादन की प्रक्रिया पहले ही शुरू की जा चुकी है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और राज्य सरकार इस मुद्दे को लेकर गंभीर हैं और नगर पालिका की लंबित मांगों को जल्द पूरा करने जा रही है। इससे शहर में स्वच्छता से जुड़े कई बड़े बदलाव देखने को मिलेंगे।

 

पालिका अध्यक्ष का कहना है कि फिलहाल डंपिंग जोन को ढकने हेतु हरी जालीदार नेट (ग्रीन कवर) का प्रयोग किया जाता रहा है ताकि दृश्य प्रदूषण नियंत्रित रहे और आम जनता को किसी प्रकार की असुविधा ना हो साथ ही साथ क्षेत्र की सुंदरता भी बनी रहे लेकिन कुछ शरारती तत्वों द्वारा बार–बार कूड़े के ढेर में आग लगाने की घटनाएं सामने आती रही हैं, जिससे जहरीला धुआँ उठता है और जनस्वास्थ्य को खतरा होता है। हर बार पालिका की टीम मौके पर पहुंचकर आग पर काबू पाती है।

नगर पालिका अध्यक्ष विपिन कुमार ने कहा कि शहर की स्वच्छता, स्वास्थ्य सुरक्षा और पर्यावरणीय सुधार के लिए सरकार, प्रशासन और नगर पालिका मिलकर काम कर रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री तथा शासन द्वारा स्वीकृत लीगेसी वेस्ट प्रबंधन परियोजना को टनकपुर के लिए बड़ा कदम बताया।

 

अध्यक्ष ने पालिका की सफाई टीम, अधिकारियों और कर्मचारियों की भी प्रशंसा की, जो सीमित संसाधनों में भी दिन–रात मेहनत कर शहर को स्वच्छ रखने का कार्य कर रहे हैं।

 

यदि सब कुछ समयबद्ध तरीके से आगे बढ़ा, तो टनकपुर में कूड़ा प्रबंधन की स्थिति आने वाले महीनों में काफी हद तक सुधर जाएगी। नए डंपिंग ज़ोन, लीगेसी वेस्ट निस्तारण और भूमि हस्तांतरण जैसे कदम शहर को लंबे समय तक एक स्थायी समाधान देने वाले साबित होंगे।

Shubham Gaur

Written by Shubham Gaur

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

बेरोज़गारी बनाम जनस्वास्थ्य: 391 फार्मासिस्ट पदों पर टिकी ग्रामीण स्वास्थ्य की साँसें

“बच्चों की जान से खिलवाड़! टनकपुर में स्कूल छुट्टी के समय सड़कों पर दौड़ते मौत के ट्रक, अभिभावकों में भारी आक्रोश”