चम्पावत: नाबालिग से दुष्कर्म के प्रयास के आरोप में मेडिकल संचालक गिरफ्तार, मामले को लेकर पुलिस की भूमिका पर भी उठे सवाल
चम्पावत/बनबसा। चम्पावत जिले के बनबसा क्षेत्र में एक मेडिकल स्टोर संचालक पर नाबालिग बालिका के साथ दुष्कर्म का प्रयास करने के आरोप के बाद क्षेत्र में भारी आक्रोश व्याप्त है। पुलिस ने पीड़िता के परिजनों की शिकायत के आधार पर आरोपी राज मुशर्रफ के खिलाफ पोक्सो एक्ट सहित विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे गिरफ्तार कर न्यायालय के आदेश पर जेल भेज दिया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार आरोपी दवा देने के सिलसिले में पीड़िता के घर पहुंचा था। आरोप है कि इसी दौरान उसने नाबालिग बालिका के साथ दुराचार करने का प्रयास किया। घटना के बाद परिजनों ने पुलिस को शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की, जिसके बाद आरोपी के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया गया।
मामले की जानकारी सामने आने के बाद स्थानीय लोगों और विभिन्न संगठनों में आक्रोश फैल गया। विरोध प्रदर्शन के दौरान कुछ लोगों ने आरोपी के मेडिकल स्टोर पर पहुंचकर रोष व्यक्त किया। स्थिति को देखते हुए पुलिस ने मौके पर पहुंचकर हालात को नियंत्रित किया तथा प्रशासन ने आरोपी की दुकान को सीज कर दिया।
इधर मामले को लेकर कुछ सामाजिक संगठनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस की कार्यप्रणाली पर भी सवाल खड़े किए हैं। उनका आरोप है कि घटना की जानकारी सार्वजनिक होने के बावजूद मीडिया को पर्याप्त जानकारी उपलब्ध नहीं कराई गई। कुछ लोगों का यह भी दावा है कि मामले को दबाने अथवा सीमित रखने का प्रयास किया गया। हालांकि इन आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
मीडिया सूत्रों के अनुसार जब इस मामले में पुलिस अधिकारियों से विस्तृत जानकारी प्राप्त करने का प्रयास किया गया तो अधिकारियों ने संवेदनशीलता और कानूनी प्रावधानों का हवाला देते हुए सीमित जानकारी साझा की। पुलिस का कहना है कि पोक्सो से जुड़े मामलों में पीड़ित की पहचान और निजता की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता होती है तथा कानून के अनुसार ऐसे मामलों के प्रचार-प्रसार में विशेष सावधानी बरती जाती है।
वहीं कुछ स्थानीय नागरिकों ने यह भी आरोप लगाए हैं कि आरोपी और कुछ पुलिसकर्मियों के बीच व्यक्तिगत संबंध होने के कारण मामले को गंभीरता से सार्वजनिक नहीं किया गया। हालांकि इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक साक्ष्य या पुष्टि सामने नहीं आई है।
मामले को लेकर कुछ सामाजिक कार्यकर्ताओं और संगठनों ने राज्य सरकार से भी हस्तक्षेप की मांग की है। उनका कहना है कि यदि पुलिस की भूमिका को लेकर उठ रहे आरोपों में कोई सच्चाई है तो उसकी निष्पक्ष जांच कराई जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि वे इस संबंध में मुख्यमंत्री Pushkar Singh Dhami को ज्ञापन भेजकर मामले की उच्चस्तरीय जांच की मांग करेंगे।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि आरोपी को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया जा चुका है और मामले की जांच विधि सम्मत तरीके से जारी है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
नोट: समाचार में पुलिस की भूमिका को लेकर उल्लेखित बातें संबंधित व्यक्तियों एवं संगठनों के आरोप और दावे हैं। इनकी स्वतंत्र पुष्टि होना शेष है। मामले में अंतिम निष्कर्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही निर्धारित होगा।

