टनकपुर/चंपावत, 16 जुलाई।
उत्तराखंड की समृद्ध लोक परंपरा और प्रकृति संरक्षण के प्रतीक हरेला पर्व के अवसर पर सेवा संकल्प फाउंडेशन द्वारा गुरुवार को टनकपुर के आमबाग-छीनीगोठ स्थित खेल मैदान, भूमिया मंदिर के समीप भव्य वृक्षारोपण एवं निःशुल्क पौध वितरण कार्यक्रम आयोजित किया गया। पर्यावरण संरक्षण और जनभागीदारी को समर्पित इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधियों, सामाजिक संगठनों, स्वयंसेवकों, महिलाओं एवं क्षेत्रवासियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता कर हरियाली बढ़ाने का संकल्प लिया।
कार्यक्रम के दौरान विभिन्न प्रजातियों के पौधों का सामूहिक रूप से वृक्षारोपण किया गया। साथ ही आम, लीची, अमरूद, नींबू, कटहल, जामुन, आँवला और अर्जुन सहित लगभग 1200 फलदार एवं छायादार पौधों का निःशुल्क वितरण किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य केवल पौधे वितरित करना नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक को पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक करते हुए पौधारोपण के साथ उनके संरक्षण का संदेश देना रहा।
इस अवसर पर दर्जा राज्य मंत्री श्रीमती हेमा जोशी, जिला पंचायत उपाध्यक्ष श्रीमती पुष्पा विश्वकर्मा, नगर पालिका अध्यक्ष टनकपुर श्री विपिन कुमार, नगर पालिका अध्यक्ष बनबसा श्रीमती रेखा देवी, ग्राम प्रधानों, जनप्रतिनिधियों, सामाजिक कार्यकर्ताओं, वन विभाग के अधिकारियों, भाजपा पदाधिकारियों एवं विभिन्न संगठनों के प्रतिनिधियों सहित बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे। सभी अतिथियों ने पौधारोपण कर पर्यावरण संरक्षण के इस अभियान को सफल बनाने का संदेश दिया।
कार्यक्रम के दौरान सेवा संकल्प फाउंडेशन की संयोजक एवं फाउंडर ट्रस्टी श्रीमती गीता धामी का संदेश भी उपस्थित लोगों तक पहुँचाया गया। अपने संदेश में उन्होंने कहा कि “प्रकृति का संरक्षण केवल एक अभियान नहीं, बल्कि हमारी सांस्कृतिक विरासत और आने वाली पीढ़ियों के प्रति हमारी नैतिक जिम्मेदारी है। यदि प्रत्येक व्यक्ति अपने जीवन में कम से कम एक पौधा लगाकर उसकी देखभाल का संकल्प ले, तो हरित, स्वच्छ और समृद्ध उत्तराखंड का सपना साकार किया जा सकता है।”
उन्होंने यह भी कहा कि सेवा संकल्प फाउंडेशन भविष्य में भी पर्यावरण संरक्षण, जल संवर्धन, शिक्षा, स्वास्थ्य, सामाजिक जागरूकता एवं जनकल्याण से जुड़े सेवा कार्यों को जनसहभागिता के माध्यम से निरंतर आगे बढ़ाता रहेगा।
कार्यक्रम के समापन पर संस्था की ओर से सभी अतिथियों, स्वयंसेवकों, मातृशक्ति, जनप्रतिनिधियों और क्षेत्रवासियों का आभार व्यक्त करते हुए “एक व्यक्ति–एक पौधा” के संकल्प को जन-जन तक पहुँचाने तथा लगाए गए पौधों की नियमित देखभाल करने का आह्वान किया गया।


